dard bhari shayari

Dard Bhari Shayari, Painful Shayari in Hindi


हुस्न के क़सीदे तो गढ़ती रहेंगी महफ़िलें झुर्रियां प्यारी लगें तो मान लेना इश्क़ है….!!


वो पूछ रही थी सचमुच दर्द में हो या दिखावा करते हो….मैंने अपने हाथ पर जलती सिगरेट रख दी ….!!


माना कि, ना देखा है, ना छुआ है ना पाया है तुझको, लेकिन तेरे इश्क में इबादत सा सुकूं आया है मुझको…!!


जिस दिन तुम मेरे लिए रोई थी उस दिन पता चला कि हम कभी ‌ अलग नहीं होगे लेकिन मुझे क्या पता था कि हमारा मिलना तो खुदा को ही मज़ूर न था….!!


कल तक उड़ती थी जो मुँह तक,आज पैरों से लिपट गई, चंद बूँदे क्या बरसी बरसात की,धूल की फ़ितरत ही बदल गई…!!


सितमगर फिर तुझे मौका ना मिले शायद……जी भरकर बर्बाद कर ले जो थोड़ी कसर बाकी है..!!


एक अजनबी से मुझे इतना प्यार क्यों है! इंकार करने पर चाहत का इकरार क्यों है! उसे पाना नहीं मेरी तकदीर में शायद! फिर भी हर मोड़ पर उसी का इन्तज़ार क्यों है….!!

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